
जमशेदपुर (कीताडीह)। डिजिटल युग में जहाँ कंप्यूटर ज्ञान हर क्षेत्र की ज़रूरत बन गया है, वहीं कीताडीह स्थित वेप एकेडमी – परमबीर सिंह जयसवाल के कंप्यूटर कोचिंग सेंटर (वेप एकेडमी) में गरीब और मध्यमवर्गीय छात्रों के लिए नई उम्मीद लेकर आया है। यह संस्था आज गाँव-गाँव में तकनीकी शिक्षा का केंद्र बनती जा रही है।

यहाँ पर विद्यार्थियों को कम शुल्क में रोजगार के कोर्स सिखाए जाते हैं, जिनमें शामिल हैं —
DCA, ADCA, Tally, Typing, Java,C++, Python, DTP, MS Office, Internet Training, Hardware & Networking तथा अन्य कई उपयोगी कोर्स।
संस्थान के संचालक परमबीर सिंह जयसवाल का कहना है कि उनका उद्देश्य सिर्फ कंप्यूटर सिखाना नहीं, बल्कि समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को आत्मनिर्भर बनाना है। यहाँ विद्यार्थियों को न केवल बुनियादी शिक्षा दी जाती है, बल्कि उन्हें प्रैक्टिकल नॉलेज और नौकरी के अवसरों से भी जोड़ा जाता है।

स्थानीय लोगों के अनुसार, कीताडीह की यह संस्था अब तक सैकड़ों युवाओं को प्रशिक्षित कर चुकी है। कई छात्र आज निजी कंपनियों में कार्यरत हैं।
परमबीर सिंह जयसवाल कहते हैं —“हमारा सपना है — कीताडीह से निकलकर हर गरीब बच्चा कंप्यूटर साक्षर बने और अपने दम पर आगे बढ़े।”
वास्तव में, वेप एकेडमी (कीताडीह) आज शिक्षा और समाज सेवा का संगम बन चुकी है, जो डिजिटल भारत के सपने को साकार करने की दिशा में एक मजबूत कदम है।




